रोहतास के चंद्रेश्वर चौधरी हत्याकांड के पीड़ित परिवार से तेजस्वी यादव ने मुलाकात की। उन्होंने कहा कि आरोपी अजीत तिवारी सामंती है। मजदूरी मांगने पर उसने चंद्रेश्वर की गोली मारकर हत्या कर दी। उन्होंने सम्राट सरकार पर भी निशाना साधा।
बिहार के रोहतास जिले में चंद्रेश्वर चौधरी की हत्या के मामले पर सियासी पारा गर्मा गया है। विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव गुरुवार को रोहतास पहुंचे। उन्होंने दिनारा के मिल्की गांव में पीड़ित परिवार से मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने कहा कि आरोपी अजीत तिवारी आदतन अपराधी है। गरीब परिवार जब उससे मजदूरी मांगने गया, तो चंद्रेश्वर को उसने गोली मार दी। उन्होंने रोहतास के एसपी से इस केस पर बात की औ परिवार के लिए सुरक्षा की मांग की।
राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव को मृतक चंद्रेश्वर चौधरी की पत्नी ने बताया कि परिवार की तीन पीढ़ी अजीत तिवारी के घर काम करती थी, लेकिन मजदूरी मांगने पर हत्या कर दी गई। परिवार का आरोप है कि अजीत लगातार परिवार को तंग कर रहा था। बिना पैसा दिए ही उनसे काम कराता था। उनका शोषण किया जा रहा था।
सम्राट सरकार पर बरसे तेजस्वी यादव
नेता प्रतिपक्ष ने इस मामले पर राज्य की सम्राट चौधरी सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सत्ता में आते ही सामांती ताकतें सक्रिय हो गई हैं। पीड़ितों को न्याय नहीं मिल रहा है। तेजस्वी ने कहा कि जनता सब देख रही है। समय आपने पर अपना फैसला सुनाएगी।
5 अगस्त को चंद्रेश्वर की हत्या, भीड़ ने आरोपी का घर फूंका
रोहतास जिले के दिनारा थाना क्षेत्र स्थित भुई पंचायत के योगिया गांव में बुधवार 5 अगस्त को सुबह 55 साल के मजदूर चंद्रेश्वर चौधरी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बताया गया कि आरोपी अजीत तिवारी उसी के गांव का रहने वाला है। अजीत ने चंद्रेश्वर को अपने घर बुलाया था। वहां उसे गोली मारने के बाद अजीत शव लेकर अपनी कार से फरार हो गया था।
इसके बाद, मनिहारी मिल्की टोला और आसपास के गांव से बड़ी संख्या में लोग मौके पर पहुंच गए। आक्रोशित भीड़ ने आरोपी के घर में जमकर तोड़फोड़ की और घर एवं गाड़ियों में आग लगा दी। आग बुझाने के लिए दमकल को बुलाना पड़ा। इस घटना के बाद गांव में तनाव की स्थिति बन गई। बाद में पुलिस ने मोर्चा संभालकर मामला शांत किया।
यूपी के गाजीपुर से पकड़ाया आरोपी
जानकारी के अनुसार, हत्या के बाद जब आरोपी गाड़ी लेकर निकला तो इसकी सूचना पुलिस को मिली। पुलिस ने तुरंत आरोपी का पीछा करना शुरू किया। फिर उसे उत्तर प्रदेश के गाजीपुर से गिरफ्तार कर लिया गया।
24 घंटे बाद नहर से मिला शव
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ की। उनकी निशानदेही के आधार पर शव की तलाश की गई। हत्या के लगभग 24 घंटे बाद गुरुवार को चंद्रेश्वर का शव बक्सर जिले के सिकरौर थाना क्षेत्र स्थित इनरपुर फॉल और पुरापुर के बीच नहर से बरामद किया गया। आरोपी ने हत्या के बाद शव को नहर में फेंक दिया था, जो बहते हुए एक पेड़ की जड़ में फंस गया था।
आरोपी ने जुर्म कबूला
पुलिस पूछताछ में आरोपी अजीत कुमार ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। उसने बताया कि गोली लगने के बाद चंद्रेश्वर ने रास्ते में ही दम तोड़ दिया था। फिर सबूत छिपाने की नीयत से उसकी लाश को नहर में फेंक दिया। गांव में बने तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए जोगिया गांव और आसपास के क्षेत्र में प्रशासन ने धारा 144 भी लागू की।
पुलिस पर आरोप
पीड़ित परिवार ने पुलिस पर आरोपी के प्रति नरमी बरतने का आरोप लगाया है। मृतक के रिश्तेदार दीपक चौधरी ने पीटीआई से बातचीत में कहा कि आरोपी अजीत तिवारी के घर पर पुलिस बल तैनात है। जबकि पीड़ित परिवार को अकेला छोड़ दिया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि वरीय पुलिस पदाधिकारी आरोपियों से मिले हुए हैं। पीड़ित परिवार पर दबाव बनाया जा रहा है। हालांकि, इन आरोपों पर पुलिस ने फिलहाल कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।



