Last Updated:
Vinesh Phogat Retirement: भारत के लिए तीन ओलंपिक में हिस्सा ले चुकीं महिला पहलवान विनेश फोगाट ने संन्यास से वापस ले लिया है. हरियाणा से कांग्रेस की टिकट पर विधायक बनीं विनेश की माने तो वह 2028 में होने वाले लॉस एंजिल्स ओलंपिक में दम दिखाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं. दो बार की विश्व चैंपियनशिप की कांस्य पदक विजेता विनेश फोगाट ने पेरिस ओलंपिक में स्वर्ण पदक के मुकाबले में पहुंचने वाली पहली भारतीय महिला पहलवान बनकर इतिहास रचा था.
विनेश फोगट ने संन्यास से यू-टर्न लियानई दिल्ली: भारत की दिग्गज महिला पहलवान विनेश फोगाट ने कुश्ती में वापसी का ऐलान कर दिया है. 31 वर्षीय विनेश ने 2028 में होने वाले लॉस लॉस एंजिल्स ओलंपिक में खेलने की घोषणा की है. सोशल मीडिया पर लंबा-चौड़ा पोस्ट लिखकर उन्होंने इसकी जानकारी दी.
विनेश फोगाट ने क्यों लिया था कुश्ती से संन्यास?
तीन बार की ओलंपियन रह चुकीं विनेश फोगाट ने एशियाई और राष्ट्रमंडल खेलों में स्वर्ण पदक जीते हैं. 2024 पेरिस ओलंपिक में फाइनल से ठीक एक रात पहले विनेश फोगाट को ओवरवेट पाए जाने पर डिस्क्वालीफाई कर दिया गया था, जिसके बाद गोल्ड मेडल बाउट में उतर तक नहीं पाई थी. 50 किलोग्राम वर्ग के स्वर्ण पदक मुकाबले से पहले 100 ग्राम ज्यादा वजन होने के कारण वह अयोग्य घोषित हो गई थी. विनेश ने इसे अपने खिलाफ बड़ी साजिश बताया था. गुस्से में आकर उन्होंने कुश्ती से संन्यास का ऐलान कर दिया था.

विनेश फोगाट ने संन्यास से यू टर्न लिया
हरियाणा चुनाव में जीतकर बनीं विधायक
विनेश फोगाट ने कुश्ती से संन्यास लेने के बाद पिछले साल हरियाणा विधानसभा चुनाव लड़ा था और जुलाना सीट से 6,000 वोटों के अंतर से जीत हासिल की थी. पेरिस से लौटने के बाद से ही हुड्डा परिवार से उनकी नजदीकियां चर्चा का विषय थी. विनेश जरूर जीत गई, लेकिन चुनावों में कांग्रेस पार्टी की शर्मनाक हार हुई.
विनेश फोगाट ने किस वजह से संन्यास वापस लिया?
एक भावुक इंस्टाग्राम पोस्ट में विनेश ने कहा कि खेल से 18 महीने के ब्रेक के दौरान उन्होंने अपने करियर के अगले कदम के बारे में विचार किया था. उन्होंने लिखा:
लोग मुझसे पूछते रहे कि क्या पेरिस मेरे करियर का अंत है. लंबे समय तक मेरे पास इसका जवाब नहीं था. मुझे मैट से, दबाव से, उम्मीदों से, यहां तक कि अपनी महत्वाकांक्षाओं से भी दूर हटने की जरूरत थी. सालों में पहली बार मैंने खुद को चैन की सांस लेने दी. मैंने अपने सफर के महत्व को समझने के लिए समय लिया. ऊंचाइयां, दिल टूटना, बलिदान, और मेरा वो रूप जिसे दुनिया ने कभी नहीं देखा और उस आत्मचिंतन में मुझे सच्चाई मिली मुझे अब भी इस खेल से प्यार है. मैं अब भी प्रतिस्पर्धा करना चाहती हूं. उस खामोशी में मुझे वो बात याद आई, जिसे मैं भूल चुकी थी जुनून की आग कभी बुझी ही नहीं’. यह सिर्फ थकान और शोर के नीचे दब गई थी. अनुशासन, दिनचर्या, संघर्ष…ये सब मेरे अंदर बसे हैं. चाहे मैं कितनी भी दूर चली गई, मेरा एक हिस्सा मैट पर ही रह गया. तो अब मैं LA28 की ओर निडर दिल और कभी न झुकने वाली भावना के साथ कदम बढ़ा रही हूं.’
बृजभूषण शरण सिंह की धुर विरोधी
विनेश फोगाट ओलंपिक शुरू होने के एक साल पहले से भारतीय कुश्ती महासंघ के पूर्व प्रमुख बृज भूषण शरण सिंह के खिलाफ जारी विरोध प्रदर्शनों का चेहरा भी रही. बृज भूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न का आरोप था.
About the Author

अंशुल तलमले फरवरी 2025 से नेटवर्क18 ग्रुप में डिप्टी न्यूज एडिटर की जर्सी पहनकर स्पोर्ट्स डेस्क की कप्तानी कर रहे हैं. जबरदस्त स्ट्राइक रेट के साथ पिछले एक दशक से उनकी नाबाद पारी जारी है. अपनी ऑलराउंड क्षमता के…और पढ़ें


