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ICC Women World Cup 2025: भारतीय महिला टीम ने फाइनल मुकाबले में साउथ अफ्रीका की टीम को 52 रनों से मात देने के साथ पहली बार इस खिताब को अपने नाम कर लिया है. इसमें हिमाचल प्रदेश की बेटी ने भी अपना नाम दुनिया भर में रोशन किया है. हिमाचल की बेटी रेणुका सिंह ठाकुर ने अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में भारत का नाम ऊंचा किया है. रेणुका आज भारतीय महिला क्रिकेट टीम की तेज गेंदबाजी की रीढ़ बन चुकी हैं. अब वो आईसीसी महिला क्रिकेट वर्ल्ड कप 2025 का फाइनल भी जीत चुकी हैं.

आईसीसी महिला विश्वकप 2025ः नवी मुंबई के डीवाई पाटिल स्टेडियम में भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच कल फाइनल मुकाबला खेला गया. दोनों टीमें विश्व विजेता बनने के लिए आमने समाने थीं. पूरा देश इस ऐतिहासिक मुकाबले पर नज़रें गड़ाए बैठा था, और भारतीय महिला टीम ने इतिहास रचते हुए ये मुकाबला अपने नाम कर लिया. इस मैच का हिस्सा रही हिमाचल प्रदेश के छोटे से गांव पारसा (रोहरू) की रेणुका सिंह ठाकुर ने भी अपनी एक अलग पहचान बनाई.

रेणुका ने 44वें ओवर में वापसी की और इस ओवर में कुछ दबाव बनाए रखा. इस समय रन-रेट कम करने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण थी, जिससे विरोधी टीम को जल्दी से रन नहीं मिल सके.

छोटी सी उम्र में पिता को खोने के बाद और सीमित संसाधनों के बावजूद भी रेणुका ने कभी हार नहीं मानी. गांव के मैदान से निकलकर रेणुका ने अपनी स्विंग गेंदबाजी और दृढ़ संकल्प के दम पर अंतरराष्ट्रीय स्तर तक का सफर तय किया. अपनी पहचान के दम पर रेणुका न सिर्फ अपने गांव और हिमाचल बल्कि भारत का नाम भी रोशन कर रही हैं.

साल 2009 में रेणुका सिंह ने HPCA अकादमी में प्रवेश किया. वहीं से उन्होंने हिमाचल प्रदेश की अंडर-16 और अंडर-19 टीमों के लिए खेलना शुरू किया. 2019-20 में सीनियर महिला वनडे ट्रॉफी में रेणुका सिंह ने 23 विकेट लेकर देशभर में पहचान बनाई.

रेणुका सिंह ने स्कूल के मैदान में भाई और दोस्तों के साथ क्रिकेट खेलते हुए उन्होंने अपने खेल की नींव रखी. रेणुका की प्रतिभा को उनके चाचा भूपेंद्र सिंह ठाकुर ने पहचाना, जो कि पीईटी कॉलेज में शिक्षक हैं. उन्होंने रेणुका की प्रतिभा को देखते हुए उन्हें हिमाचल प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन (HPCA) की महिला आवासीय अकादमी में दाखिला लेने का सुझाव दिया.

रेणुका ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा गांव में ही प्राप्त की है. माध्यमिक शिक्षा जीएसएस स्कूल धर्मशाला से, सीनियर माध्यमिक शिक्षा जेएवी सीनियर सेकेंडरी स्कूल कांगड़ा से पूरी की है. जबकि गुरु नानक देव विश्वविद्यालय और खालसा कॉलेज अमृतसर से अपनी हायर एजुकेशन प्राप्त की है. वहीं, आगे की पढ़ाई गवर्नमेंट कॉलेज धर्मशाला से पूरी की है.
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