मथुरा में छात्र विपिन की हत्या के मामले में शनिवार देर रात रनवारी रोड पर पुलिस और आरोपियों के बीच मुठभेड़ हुई। पुलिस की गोली से दो आरोपी घायल होकर पकड़े गए, जबकि एक फरार हो गया। आरोपियों ने पत्नी को ब्लैकमेल किए जाने से परेशान होकर हत्या की बात कबूली। महिला भी गिरफ्तार हुई।
मथुरा के नीमगांव के युवक की हत्या के मामले में शनिवार देर रात थाना छाता पुलिस और शातिर अपराधियों के बीच रनवारी रोड पर मुठभेड़ हो गई। जिसमें पुलिस की गोली लगने से दो शातिर घायल हो गये। वहीं एक साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। पुलिस ने दोनों घायलों को इलाज के लिए सीएचसी छाता में भर्ती कराया है। पकड़े आरोपियों ने बताया कि उनमें से एक की पत्नी को ब्लैकमेल किये जाने से परेशान होकर उन्होंने छात्र की हत्या की थी। पुलिस ने आरोपी महिला को भी सुबह घर से गिरफ्तार कर लिया। प्रकाश में आये हत्यारोपियों पर एसएसपी ने 25 हजार का इनाम रखा था।
छात्र की हत्या का आरोपी एनकाउंटर में धराया
सीओ भूषण वर्मा ने बताया कि चार अगस्त को बीपीटी के छात्र नीमगांव निवासी विपिन घर से बाइक लेकर हाइवे स्थित विवि में रजिस्ट्रेशन की कह कर गया था। देर शाम तक घर न पहुंचने पर उसकी तलाश की मोबाइल स्विच ऑफ आने पर चिंता हुई तो उसकी तलाश की थी। देर रात उसकी थाना छाता में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। इस पर थाना सर्विलांस सेल पुलिस युवक की तलाश कर रही थी, तभी पांच अगस्त दोपहर दो बजे करीब धौरेरा जंगल में बनी खंडहर कोठरी से युवक का शव बरामद किया था। उसकी गला रेतकर हत्या की गई थी।
पुलिस को देखते ही अपराधियों ने फायरिंग की
एसपी देहात सुरेश चंद्र रावत ने बताया कि शुक्रवार रात करीब 12 बजे पुलिस को सूचना मिली की छात्र के हत्यारोपी स्विफ्ट कार से छाता की ओर आ रहे हैं। सूचना पर पुलिस टीम गोवर्धन-छाता रोड पर गांव रनवारी के समीप चेकिंग करने लगी। तभी सामने से आ रहे कार सवारों ने पुलिस टीम को देख अपनी कार को रनवारी के समीप मोड़ दिया और पुलिस को आता देख कार से उतर कर पुलिस पर फायरिंग करते हुए भागने लगे। इस दौरान पुलिस की जवाबी फायरिंग में पैर में गोली लगने से हत्यारोपी विक्रम निवासी ऱाधा पब्लिक स्कूल के सामने, ब्लॉक के पीछे, गोवर्धन और अमन निवासी जाटव मोहल्ला, राधाकुण्ड, गोवर्धन पैर में गोली लगने घायल हो गये, जबकि उनका साथी तेजपाल उर्फ नेहनू निवासी जाटव मोहल्ला, राधाकुण्ड, गोवर्धन मौके से फरार हो गया था। वहीं पुलिस टीम ने घटना में शामिल महिला को उसके घर से गिरफ्तार कर चालान किया है।
आरोपी महिला से कराई बात, मिटा भ्रम
पुलिस अधिकारियों और कुंवर नरेंद्र सिंह की मौजूदगी में ग्रामीणों के प्रतिनिधिमंडल की बात गिरफ्तार आरोपी महिला से कराई गई। पूछताछ के दौरान आरोपी महिला ने स्पष्ट रूप से स्वीकार किया कि उसने ही विपिन को इंस्टाग्राम पर वीडियो कॉल करके धौरेरा के जंगल में बुलाया था। विपिन के पास उसकी पुरानी वीडियो व चैट थीं, जिन्हें वह लगातार मांगने के बावजूद डिलीट नहीं कर रहा था और ब्लैकमेल कर रहा था। महिला के इस बयान के बाद ग्रामीणों का संशय दूर हुआ।
गिरफ्तार करने वाली पुलिस टीम
थाना प्रभारी निरीक्षक छाता उमेश चन्द त्रिपाठी, निरीक्षक बिजेन्द्रपाल राणा, उप निरीक्षक जय सिंह, अंकित मलिक, अंशुमान विश्नोई,अतर सिंह, सर्विलांस प्रभारी विकास शर्मा, उप निरीक्षक सर्विलांस परविन्द्र सिंह, उप निरीक्षक जैंत उत्तम भडाना, हेड कांस्टेबल विश्वेन्द्र सिंह, अंकित, रजनीश, दीपेन्द्र, कांस्टेबल रोहित कुमार, पीताम्बर सिंह और आरक्षी प्रदीप शामिल रहे।



