BJP leader Paras Jain passes away : मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री और भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता पारस जैन का आज निधन हो गया। वह लंबे समय तक उज्जैन नॉर्थ विधानसभा क्षेत्र से विधायक रहे थे।उनके निधन की खबर से भाजपा नेताओं में शोक की लहर दौड़ गई है।
मध्य प्रदेश में उज्जैन नॉर्थ विधानसभा से 5 बार से अधिक विधायक और कई बार के राज्य मंत्री रहे भाजपा नेता पारस जैन का सोमवार को निधन हो गया। वह काफी समय से बीमार चल रहे थे। उनके निधन की खबर से भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों में शोक की लहर है। सोमवार दोपहर 3 बजे उनके निवास से अंतिम यात्रा निकाली जाएगी। प्रदेश की राजनीति में उनका महत्वपूर्ण स्थान रहा। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भी पारस जैन के निधन पर दुख जताया है।
पारस जैन 1990 में पहली बार विधायक बने और उसके बाद लगातार चुनाव जीतते रहे। वह 2003, 2008, 2013 और 2018 तक विधायक और मंत्री रहे। हालांकि, 2023 के विधानसभा चुनाव में उनका टिकट कट गया था। इसके बावजूद वे संगठन और पार्टी की गतिविधियों में लगातार सक्रिय बने रहे। उज्जैन नॉर्थ विधानसभा से पारस जैन कई बार विधायक चुने गए, वे भाजपा के वरिष्ठ और अनुभवी नेताओं में गिने जाते थे, संगठन में उनकी सक्रिय भूमिका और क्षेत्र में जनसंपर्क के कारण उनकी अलग पहचान थी। भाजपा नेताओं, कार्यकर्ताओं और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने पारस जैन के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
कई बार कैबिनेट में पाई जगह
पारस जैन ने मध्य प्रदेश सरकार में कई महत्वपूर्ण विभागों की जिम्मेदारी संभाल चुके थे। वर्ष 2005 से 2013 के बीच वे राज्य मंत्री के रूप में वन, स्कूल शिक्षा, उच्च शिक्षा, खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण जैसे विभागों से जुड़े रहे। दिसंबर 2013 में उन्हें स्कूल शिक्षा विभाग का कैबिनेट मंत्री बनाया गया। इसके बाद वर्ष 2016 के मंत्रिमंडल विस्तार में उन्हें ऊर्जा विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई।
उज्जैन में पारस पहलवान के नाम से थे मशहूर
पूर्व विधायक पारस जैन का जन्म साल 1950 में हुआ था। उन्होंने बीकॉम तक शिक्षा ली थी। पढ़ाई पूरी करने के बाद वह अपने पिता के अनाज व्यापार से जुड़े रहे। छात्र जीवन से ही उन्होंने छात्र संगठन अखिल भारतीय विद्यालय परिषद (एबीवीपी) से राजनीति की शुरुआत की थी। उसके बाद राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े। सामाजिक और संगठनात्मक कार्यों के जरिये वह सक्रिय राजनीति में आए। उज्जैन शहर के लोग उन्हें पारस पहलवान के नाम से जाने जाते थे। वह 2016 सिहस्थ की केंद्रीय समिति में रहे ओर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।
मोहन यादव और शिवराज ने जताया दुख
मोहन यादव ने सोशल मीडिया हैंडल ‘एक्स’ पर पोस्ट किया, ”वरिष्ठ भाजपा नेता, पूर्व मंत्री एवं उज्जैन उत्तर के पूर्व विधायक श्रद्धेय श्री पारस चंद्र जैन जी के निधन का समाचार सुनकर मन दुखी है। उन्हें विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं। बाबा महाकाल से प्रार्थना है कि दिवंगत को अपने श्रीचरणों में स्थान प्रदान करें एवं शोकाकुल परिजनों को यह असीम दुःख सहन करने की शक्ति दें।ॐ शांति!”
वहीं, मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और वर्तमान केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी ‘एक्स’ पर लिखा, ”मध्यप्रदेश सरकार में पूर्व मंत्री, उज्जैन उत्तर के पूर्व विधायक, वरिष्ठ राजनेता, मेरे आत्मीय साथी श्री पारस चंद्र जैन जी नहीं रहे। पारस जी राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के समर्पित स्वयंसेवक एवं भारतीय जनता पार्टी के निष्ठावान कार्यकर्ता रहे हैं। उनके निधन का समाचार सुनकर दु:खी एवं स्तब्ध हूं। पारस जी ने मध्यप्रदेश और उज्जैन की जनता की समर्पित भाव से सेवा की है। वे कुशल संगठक और सफल प्रशासक के साथ-साथ योग तथा व्यायाम के बड़े प्रेरक रहे हैं। उन्हें ‘पारस पहलवान’ के नाम से जाना जाता था। मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिवारजनों के साथ हैं। ईश्वर से प्रार्थना है कि दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान दें तथा शोक-संतप्त परिजनों को यह अपार दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करें। ॐ शांति!”
रिपोर्ट – विजेन्द्र यादव

