उज्जैन में महाकाल मंदिर के पास बुलडोजर ऐक्शन चलाया जा रहा है। यहां एक दर्जन से ज्यादा इमारतों को ध्वस्त किया जा रहा है। इसके लिए भारी पुलिस बल की भी तैनाती की गई है।
मध्य प्रदेश के उज्जैन में महाकाल मंदिर के पास मुस्लिम बाहुल्य बेगमबाग क्षेत्र में शनिवार सुबह एक बार फिर बुलडोजर गूंज सुनाई दी। यंहा एक दर्जन से अधिक अवैध बिल्डिंग को जमींदोज किया जा रहा है। गौरतलब है कि निचली अदालत और हाई कोर्ट से स्टे समाप्त होने के बाद यह कार्रवाई हो रही है। इसके पहले 72 मकान ओर दुकान पर बुलडोजर ऐक्शन हो चुका है। यह पूरी कार्यवाही उज्जैन विकास प्राधिकरण की लीज पर दी गई बिल्डिंगों पर हो रही है जिसे अवैध रूप से होटल बना का कैमर्सियल किया गया था। वंही दूसरी ओर लीज की अवधि समाप्त होने के बाद नावनिकरण नही कराया गया था।
भारी पुलिस बल तैनात
उज्जैन विकास प्राधिकरण की इस क्षेत्र में छठी कार्रवाई है। कार्रवाई के दौरान UDA, नगर निगम और पुलिस की संयुक्त टीम के 50 से अधिक कर्मचारी तैनात रहे। 7 पोकलेन, 4 जेसीबी और अन्य उपकरणों की मदद से मकानों को हटाया गया। मौके पर भारी पुलिस बल के साथ प्रशासनिक अमला और नगर निगम की जेसीबी-पोकलेन मशीनें तैनात की गई। इसके बाद मकानों को हटाने की कार्रवाई शुरू हुई। अधिकारियों के मुताबिक, इनका लीज शर्तों के विपरीत व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा था।
उज्जैन के महाकाल मंदिर पहुंच मार्ग पर उज्जैन विकास प्राधिकरण के आवासीय भूखंडों पर धर्म विशेष के लोगों ने व्यवसायिक तौर अवैध अतिक्रमण पर किया था । विकास प्राधिकरण के 48 आवासीय भूखंडों के नियम विरुद्ध 106 हिस्से कर व्यावसायिक निर्माण किए गए थे।
ब्रिज निर्माण के रास्ते में हो रही थी दिक्कत
अब इस जगह पर ब्रिज निर्माण प्रस्तावित है। अवैध बिल्डिंगों में चिकन सेंटर, होटल, रेस्टोरेंट, डेरी, होटल, गेस्टहाउस व अन्य दुकानें संचालित हो रही थी। उज्जैन विकास प्राधिकरण (UDA) ने 16 मकानों को ध्वस्त करने की कार्रवाई की। हरिफाटक ब्रिज के चौड़ीकरण और मंदिर के लिए बनाई जा रही टनल के रास्ते में बाधा बन रहे इन मकानों को हटाया गया। सिंहस्थ-2028 की तैयारियों के तहत यह कार्रवाई की गई। इन मकानों की लीज करीब 15 साल पहले समाप्त हो चुकी थी। हाईकोर्ट से स्टे हटने के बाद कार्रवाई का रास्ता साफ हुआ।
मिली जानकारी के अनुसार विकास प्राधिकरण ने महाकाल मंदिर मार्ग बेगमबाग में 45 भूखंड, प्रत्येक 2400 वर्गफीट, 30 साल की लीज पर केवल आवासीय इस्तेमाल के लिए दिए थे। आरोप है कि भूखंड धारकों ने लीज शर्तों का उल्लंघन कर इनका व्यावसायिक इस्तेमाल शुरू कर दिया। साथ ही 45 प्लॉटों को छोटे हिस्सों में बांटकर करीब 90 इमारतें खड़ी कर दी गईं। शनिवार सुबह मोहम्मद शब्बीर, जाकिर, डॉ महबूब खान, मोहम्मद रईस, जावेद खान, अफसाना, इरशाद, नजमा बी, शकीला बी, फ़रीज़ा बी, शमीम बी सहित एक दर्जन से अधिक लोगो की अवैध बिल्डिंग तोड़ने का काम शुरू किया गया।
महाकाल थाना प्रभारी गगन बादल ने बताया कि शनिवार सुबह कार्यवाही शुरू की गई। इस दौरान तीन थानों के पुलिस बल लगाया गया है,किसी प्रकार का कोई विरोध सामने नही आया है। निगम की कार्यवाही जारी है। मंदिर की ओर आने वाले श्राध्लु को मार्ग डाइवर्जन कर पहुंचाया जा रहा है। इस मार्ग पर फोरलेन प्रस्तावित है। सिहस्थ को देखते हुए कार्यवाही की जा रही है।
उज्जैन विकास प्राधिकरण सीईओ संदीप सोनी ने बताया कि महाकाल मंदिर मार्ग पर बेगम बाग कॉलोनी को विकास प्राधिकरण द्वारा लीज़ पर दिया गया था। यहां के रहवासियों ने इसे व्यावसायिक रूप देकर एक प्लाट पर चार-चार होटल और रेस्टोरेंट का निर्माण कर लिया। वही इन्हें लीज नवीनीकरण को लेकर नोटिस दिए गए थे। इन्होंने इसका नवीनीकरण नहीं कराया जिसे हटाने के लिए नोटिस जारी किए गए थे। इसके बाद यहां के कुछ लोग कोर्ट चले गए और कोर्ट से स्टे हटते ही इस पर कार्यवाही शुरू की गई। इसके पहले 72 मकान हटाए गए हैं। आगे भी बचे हुए मकानों को हटाया जाएगा।
रिपोर्ट- विजेन्द्र यादव


