सहारनपुर के चिराऊ गांव में बंद नलकूप से ईंट निकालते समय मिट्टी की ढांग ढहने से किसान कुलदीप और उसका 12 वर्षीय बेटा गौरव करीब 30 फुट मलबे में दब गए। जेसीबी से किसान को निकालकर अस्पताल भेजा गया, जबकि बच्चे को बचाने के लिए रेस्क्यू जारी है।

सहारनपुर में मिट्टी के मलबे में दबे बाप-बेटे
सहारनपुर के बड़गांव थाना क्षेत्र के चिराऊ गांव में शनिवार शाम बंद नलकूप के कुएं से ईंट निकालते समय बड़ा हादसा हो गया। मिट्टी की ढांग अचानक ढहने से 12 वर्षीय बेटे समेत किसान करीब 30 फुट गहरे मलबे में दब गया। हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस-प्रशासन में हड़कंप मच गया। करीब एक घंटे की मशक्कत के बाद किसान को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जबकि उसके बेटे की तलाश में रेस्क्यू अभियान जारी है। गांव चिराऊ निवासी कुलदीप पुत्र प्रहलाद शनिवार को खेत में स्थित बंद नलकूप के कुएं की खुदाई कर उसमें लगी ईंटें निकाल रहा था।
मिट्टी के मलबे में दबे बाप-बेटे
शाम करीब चार बजे उसका 12 वर्षीय बेटा गौरव पिता के लिए चाय लेकर खेत पर पहुंचा। वह कुएं के पास खड़ा होकर पिता को चाय पीने के लिए आवाज देने लगा। इसी दौरान अचानक मिट्टी की ढांग भरभराकर कुएं में गिर गई। मिट्टी का मलबा गिरने से कुलदीप और गौरव करीब 30 फुट नीचे दब गए। हादसे की जानकारी मिलते ही गांव में अफरा-तफरी मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए और पुलिस-प्रशासन को सूचना दी गई। कुछ ही देर में एसडीएम रामपुर और फायर ब्रिगेड की टीम भी मौके पर पहुंच गई।
जेसीबी से मलबा हटाने का काम जारी
रेस्क्यू टीम ने जेसीबी की मदद से मलबा हटाने का काम शुरू किया। करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद टीम ने कुलदीप को मलबे से बाहर निकाल लिया। गंभीर हालत में उसे एंबुलेंस से अस्पताल भेजा गया। हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने उसे जिला अस्पताल रेफर कर दिया। वहीं, 12 वर्षीय गौरव अभी भी मलबे में दबा हुआ है। उसे बाहर निकालने के लिए पुलिस और प्रशासन की टीम रेस्क्यू अभियान चला रही है। मौके पर बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौजूद हैं। जेसीबी और अन्य संसाधनों की मदद से मिट्टी हटाकर बच्चे तक पहुंचने का प्रयास किया जा रहा है। प्रशासन की निगरानी में रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है।




