यूपी के देवरिया जिले के मदनपुर क्षेत्र में बीए के एक छात्रा की रस्सी से गला कस कर हत्या कर दी गई। इस मामले में पुलिस एक युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। बताया जा रहा है कि आरोपी ने खुद थाने पहुंचकर घटना की जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस ने उसे कस्टडी में ले लिया ।
यूपी के देवरिया जिले के मदनपुर क्षेत्र में बीए के एक छात्रा की रस्सी से गला कस कर हत्या कर दी गई। इस मामले में पुलिस एक युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। बताया जा रहा है कि आरोपी ने खुद थाने पहुंचकर घटना की जानकारी दी, जिसके बाद पुलिस ने उसे कस्टडी में ले लिया। उसने खुद पुलिस को बताया कि उसने हत्या की है। जानकारी के बाद मौके पर पहुंच कर सीओ समेत अन्य पुलिस अधिकारियों ने घटना का जायजा लिया। फारेंसिक टीम ने घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किया।
मामले में मिली जानकारी के अनुसार गुरुवार की सुबह बरांव गांव के दक्षिण डीह स्थित बृजेश प्रसाद के घोठ्ठे पर एक कमरे में काजल (20) पुत्री शिवानंद का शव मिला। जानकारी होने पर मोहल्ले में खलबली मच गई। किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दिया। मौके पर थानाध्यक्ष नंदा प्रसाद हमराहियों के साथ पहुंच गये। घटनास्थल को सील करते हुए पुलिस जांच में जुट गई। क्षेत्राधिकारी रूद्रपुर हरेराम यादव ने भी मौके पर पहुंच घटना का जायजा लिया।
बताया जा रहा है कि घटनास्थल से सफेद-काले रंग के रेशम की पतली डोरी, सब्जी काटने वाला छूरा व एक प्रेग्नेंसी किट बरामद हुआ है। युवती के गले पर गहरा काला, जबकि चेहरे और शरीर पर जगह-जगह चोट के निशान मिले हैं। पास में चार ईंट भी मिली है। काजल की हत्या से गांव के लोग हतप्रभ हैं। सीओ रूद्रपुर हरेराम यादव ने बताया कि शव को कब्जे में लेकर अंत्यपरीक्षण के लिए भेज दिया गया है।
छात्रा का शव ले जाने से रोक रहे थे परिजन
घटना की जानकारी होने पर दलित बस्ती के लोगों की भीड़ जमा हो गई। परिजन शव ले जाने से रोक रहे थे। समझाने-बुझाने व बड़ी मशक्कत के बाद पुलिस शव ले जा सकी। बताया जा रहा है कि काजल का भी डीह पर घटनास्थल से कुछ दूरी पर घोठ्ठा है। हत्या के पीछे लोग प्रेम-प्रसंग होना बता रहे हैं। हालांकि घटना को लेकर गांव में तरह-तरह की चर्चा है।
13 अप्रैल को काजल की होनी थी शादी
बरांव गांव दलित बस्ती निवासी शिवानंद पुत्र बृजनारायन की चार बेटियों ज्योति, मोती, आंचल में काजल सबसे बड़ी पुत्री थी। उसका रिश्ता तय था। बताया जा रहा है कि 10 अप्रैल को तिलक, जबकि 13 अप्रैल को शादी होनी थी। काजल के मौत से मां राजमती देवी पछाड़ खाकर गिर पड़ीं। जबकि परिवार के अन्य सदस्य दहाड़ें मार रहे थे।



